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Showing posts from June, 2025

इमरजेंसी की आधी सदी :आपातकाल के सबक

"भाइयों एवं बहनों! राष्ट्रपति जी ने आपातकाल की घोषणा की है......"  26 जून 1975 की सुबह ऑल इंडिया रेडियो से गूंजती यह यह आवाज़ और देश में भारतीय संविधान के अनुच्छेद 352 के तहत आंतरिक अशांति के आधार पर राष्ट्रीय आपातकाल की घोषणा!  आपातकाल हमारे देश के लोकतंत्र पर एक काले धब्बे के समान है जिसमें तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने अपनी कुर्सी को बचाने के लिए देश के लोकतंत्र को ताख पर रख दीं! दरअसल 1971 ईस्वी में बांग्लादेश के निर्माण तथा गरीबी हटाओ के नारे के साथ बुलंदी से राजनीति में अपनी छाप छोड़ती इंदिरा गांधी अपनी लोकप्रियता की चरम सिमर पर थी और उनके बारे में कहा जाता था "INDIA IS INDIRA INDIRA IS INDIA" ! किंतु बाद में इंदिरा गांधी सरकार भ्रष्टाचार,महंगाई ,गरीबी, बेरोजगारी की जाल में इस तरह फंस गईं कि गुजरात से लेकर बिहार तक उनके सरकारों के खिलाफ असंतोष जनाक्रोश के रुप में इस तरह उमड़ा की तत्कालीन गुजरात में चिमन भाई पटेल की सरकार गिर गई और जॉर्ज फर्नांडिज के नेतृत्व में रेलवे में बड़े पैमाने पर हड़ताल हुए, हालांकि बाद में सरकार ने निर्दयतापूर्वक उनका दमन कर दिय...

अहमदाबाद विमान दुर्घटना के अहम सवाल

जब कोई भी दुर्घटना या त्रुटि होती है तो उसके बाद जो सबसे पहली चीज है वह जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए लेकिन अहमदाबाद विमान दुर्घटना के बाद से ही मुख्य धारा की मीडिया के तमाम चैनल विमान दुर्घटना को रहस्यमयी और ज्योतिष तरीकों से प्रस्तुत करके उसे एक नई दिशा दे रहा है जो बिल्कुल अवैज्ञानिक,निराधार है।अब आप देखिए विज्ञान एवं तकनीक के इस युग में भी जब अंधविश्वास के चक्कर में हम इस तरह की व्याख्या करेंगे और वैध प्रश्नों से अलग हटकर एक नए नॉरेटिव को खड़ा करेंगे तो निश्चित रूप से यह गलत चीज है। आमतौर पर जब ऐसी दुर्घटना होती है तब जांच के आदेश दिए जाते हैं या कमेटी गठित की जाती है लेकिन उसके बाद नतीजा वही होता है जो हम सदा से देखते आ रहे हैं यानी फिर से एक नई दुर्घटना का इंतजार!  ऐसे में पहली आवश्यकता है कि नागरिक उड्डयन मंत्रालय मंत्री एवं डीजीसीए के जो जिम्मेदार अधिकारीगण हैं वह आकर अपना पक्ष रखें या विमान दुर्घटना से संबंधित चीजों को प्रमाणित तौर पर लोगों के सामने स्पष्ट करें इससे न सिर्फ उनकी जवाबदेही सुनिश्चित होगी अपितु यात्रियों में एक विश्वास भी पैदा होगा। निश्चित रूप से अब उन...