पर्व त्यौहार में यात्रियों की दुरवस्था: भारतीय रेलवे की पोल खोलती वायरल तस्वीरें

इस तस्वीर को गौर से देखिए, हालांकि सोशल मीडिया के माध्यम से आप इस तरह के तस्वीर को देख ही चुके होंगे ! यह तस्वीर है छठ महापर्व के अवसर यूपी-बिहार जाते हुए किसी शहर (संभवत: दिल्ली) से अपने घर जाते हुए दो कामगार प्रवासियों की जिसमें देखा जा सकता है किस प्रकार दोनों रेलगाड़ी के डिब्बे की दरवाजे बंद होने के बाद दोनों दरवाजों के डोर से अपनी गमछी को बांधकर खुद को थोड़ा बहुत सुरक्षित महसूस करते हुए अपने बैग को पास वाले खिड़की से लटकाते हुए अपने घर की ओर रवाना हो रहे हैं। जरा सोचिए रेलगाड़ी की थोड़ी सी अनियंत्रित स्थिति इनके लिए कितनी भयावह एवं खतरनाक साबित हो सकती है ? इसकी कल्पना आप स्वयं कर सकते हैं!
हालांकि इनकी इसमें उतनी गलती नहीं है जितनी गलती भारत सरकार और रेलवे मंत्रालय की है, चूंकी भारतीय रेलवे भी जानती है दिवाली एवं छठ महापर्व के अवसर पर विभिन्न शहरों से कितने यात्रीगण अपने घर की ओर रवाना होते हैं। ऐसे में रेलगाड़ियों का सही परिचालन न होना , घटते जनरल बोगी की संख्या इस ओर सवालिया निशान खड़े करते हैं कि रेल मंत्री जहां एक तरफ कहते हैं कि त्यौहार स्पेशल इस वर्ष 7000 ट्रेन चलाई जा रही हैं। ऐसे में यात्रियों की इस प्रकार की दयनीय स्थिति देखकर हमें समझ में नहीं आता कि यह *फेस्टिवल स्पेशल* रेल गाड़ियां हवाई मार्ग से कहीं जा रही हैं क्या ? नहीं तो आखिर फिर ऐसी स्थिति क्यों है ? ट्रेनों की लेट- लतीफी से हम सभी परिचित ही हैं। एक तरफ जहां प्रधानमंत्री देश के 10% लोगों को वन्दे भारत ट्रेनों का उद्घाटन कर, यात्रा करवा रहे हैं वहीं दूसरी तरफ देश का बहुसंख्यक आबादी पर्व- त्यौहार में भी घर पहुंचने को मोहताज है । पर्वत त्यौहार के इस अवसर पर चले जाइए दिल्ली के किसी भी रेलवे स्टेशन चाहे वह आनंद विहार हो, नई दिल्ली, पुरानी दिल्ली हो आपको हकीकत का पता चल जाएगा। यह बात केवल दिल्ली तक सीमित नहीं है अभी हाल फिलहाल में महाराष्ट्र के बांद्रा रेलवे स्टेशन से आई ह्रदय विदारक घटना से हम सभी अवगत हैं। ऐसे में भारतीय रेलवे को न सिर्फ संज्ञान लेना चाहिए अपितु उसे अपनी जवाबदेही भी सुनिश्चित करनी चाहिए की यात्रियों की यात्रा वास्तव में मंगल हो। चूंकि व्यवस्था सिर्फ उद्घाटन से नहीं अपितु धरातल पर व्यवस्थापन से ही संपन्न एवं संचालित होती है।
🚊🚆 #indianrailway#railyatra

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